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मनरेगा में नहीं मिल रहा काम! तो इस नंबर पर करें शिकायत
June 26, 2020 • जनसंदेश न्यूज • वाराणसी-चंदौली

- मुख्य विकास अधिकारी ने प्रवासी मजदूरों से किया आह्वान

- प्रधान, सचिव या ब्लाक में सुनवाई न होने पर दें जानकारी

- जिले में आए श्रमिकों के लिए हेल्प लाइन नं. 9795531503

सुरोजीत चैटर्जी

वाराणसी। लॉक डाउन के कारण जनपद में वापस आए प्रवासी श्रमिकों को मनरेगा के तहत यदि रोजगार की जरूरत है लेकिन उनकी मांग अनसुनी कर दी जा रही है तो संबंधित मजदूर इस बारे में शिकायत दर्ज करा सकते हैं। ताकि उन्हें जल्द से जल्द मनरेगा में काम उपलब्ध कराना संभव हो। इसके लिए सीडीओ समधुसूदन हुल्गी ने फोन नंबर जारी किया है।

जिले के कुल 596 ग्राम पंचायतों में से वर्तमान में 516 ग्राम पंचायतों में प्रवासी मजदूर हैं। राजस्व विभाग ने उनकी कुल संख्या 43 हजार 284 बतायी है। उनमें सर्वाधिक 11 हजार 441 प्रवासी श्रमिक पिंडरा विकास खंड क्षेत्र के 77 ग्राम पंचायतों में आए हैं। इसके अलावा नौ हजार 794 प्रवासी मजदूर बड़ागांव ब्लाक के 59 ग्राम पंचायतों में हैं। इसी प्रकार अन्य विकास खंडों में प्रवासी श्रमिक हैं।

इन सभी प्रवासी श्रमिकों में से फिलहाल दो हजार 837 श्रमिक मनरेगा में कार्य कर रहे हैं। जबकि शुक्रवार को प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक अन्य 39 ग्राम पंचायतें ऐसी हैं जहां कोराना पॉजिटिव के मामले पाये जाने के कारण मनरेगा समेत अन्य विकास कार्य ठप हैं। फलस्वरूप उन ग्राम पंचायतों के दो हजार 71 श्रमिक बेरोजगार हो चुके हैं। जब तक प्रभावित ग्राप पंचायतों में स्थिति सामान्य नहीं होती तब तक वहां कोई भी विकास कार्य नहीं होगा।

इधर, अफसरों को शिकायतें मिल रही हैं कि मनरेगा में काम मांगे जाने के बावजूद तमाम प्रवासी मजदूरों को रोजगार नहीं दिया जा रहा है और उनकी डिमांड अनसुनी कर दी जा रही है। फलस्वरूप ऐसे जरूरतमंद प्रवासी श्रमिकों में नाराजगी और निराशा की स्थिति है। ऐसी शिकायतें को मुख्य विकास अधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने गंभीरतापूर्वक लिया है। उन्होंने कहा है कि यदि ग्राम प्रधान, पंतायत सचिव या ब्लाक में संपर्क करने पर मनरेगा में रोजगार नहीं मिल है तो संबंधित मजदूर हेल्प लाइन नंबर 9795531503 पर जानकारी दे सकते हैं। फोन पर जानकारी देते हुए संबंधित श्रमिक को अपना नाम, ग्राम पंचायत का नाम और मोबाइल फोन नंबर भी दर्ज कराना होगा।