ALL जनसंदेश एक्सक्लूसिव वाराणसी-चंदौली पूूर्वांचल इलाहाबाद लखनऊ कानपुर-गोरखपुर आगरा देश-विदेश सृजन मनोरंजन/लाइफस्टाइल
64 लाख गबन के मामले में आरोपी कोलनाइजर नीतू त्रिपाठी को नहीं मिली राहत, धोखाधड़ी व एक दर्जन लंबित संगीन मामलों की है आरोपी
August 20, 2020 • जनसंदेश न्यूज • वाराणसी-चंदौली

64 लाख गबन के हैं मामले, अपराधिक इतिहास लंबा

रवि प्रकाश सिंह
वाराणसी। धोखाधड़ी, लंबे आपराधिक इतिहास और एक दर्जन से ज्यादा मामलों में वांछित कोलनाइजर नीतू त्रिपाठी की जमानत अर्जी कोर्ट ने सुनवाई के बाद खारिज कर दी। अपर सत्र न्यायाधीश द्वितीय संजीव कुमार सिन्हा की अदालत ने जमीन की धोखाधड़ी और 64 लाख रुपये हड़पने के मामले में आरोपी महिला कालोनाइजर नीतू त्रिपाठी की जमानत अर्जी आपराधिक इतिहास और अन्य लम्बित मामलो को देखते ही खारिज की।

एडीजीसी कैलाश राम वादी के अधिवक्ता प्रेमप्रकाश गौतम, प्रदीप रॉय व जैलेन्द्र रॉय के मुताबिक आरोपी महिला पर आरोप है कि सह आरोपी रविन्द्र मौर्य के साथ मिलकर वादी का फर्जी हस्ताक्षर और कूटरचना कर रथयात्रा स्थित स्टेट बैंक में खाता खोलकर एक रियल स्टेट कम्पनी के अन्य निदेशकों का लाभांश और प्लाट खरीदने वालों का लगभग 64 लाख रुपये हड़प लिए। कोर्ट में महिला के खिलाफ धोखाधड़ी समेत 9 मामलों का आपराधिक इतिहास पेश किया गया। अदालत ने गबन के अन्य आरोपो को देखते हुए जमानत अर्जी खारिज कर दी।

14 जून को हुई थी घर से गिरफ्तारी
कैंट पुलिस ने प्रॉपर्टी डीलर नीतू त्रिपाठी को 14 जून 2020 दिन रविवार को लंका क्षेत्र की नंदनगर कॉलोनी स्थित आवास से गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद कैंट थाने में अपने रसूख का दमखम दिखाने में आरोपित नीतू त्रिपाठी ने कोई कमी नहीं छोड़ी थी। लेकिन कैंट थाना पुलिस के आगे उनकी एक न चली और स्पेशल कोर्ट में में प्रस्तुत कर जेल भेज दिया गया। नीतू पर जमीन कब्जा, धोखाधड़ी सहित दर्जनों मामले दर्ज हैं। उसकी पुलिस को लंबे समय से तलाश थी और आखिरकार 14 जून को उसे गिरफ्तार किया गया।